Wednesday, August 5, 2020

How can get Real freedom?

How can You get Real Freedom?

Answer :-

Real freedom can only be achieved in the following manner :
  • Real freedom means getting rid of birth and death. You can achieve this only when you do true devotion by taking initiation from the Real Satguru.
  • When you do true devotion according to the scriptures.
  • When you follow the path given by the complete guru, you will do devotion and chant the mantra given by him.
  • Currently, there is only one complete Guru in this world and that is Jagatguru Tattvarshi Saint Rampal Ji Maharaj.By attaining sermons from them one attains complete salvation.
  • Jeene ki Rah
    Way Of Living 
  • Go to the shelter of Saint Rampal Ji Maharaj and get your salvation.
    Complete Guru
    True Satguru

  • God says that I have given fruits, nuts, milk, curd and various types of dishes to all of you.
  • Where did this meat meal order come from ? So please stopped this.
  • For More information click this link & download this books.
  • https://www.jagatgururampalji.org/way-of-living.pdf
  • And to make your life successful, take initiation from the complete saint Rampal Ji Maharaj

  • Please fulfill the form for getting initiation from him 
https://spiritualleadersaintrampalji.com/nam-diksha-inquiry

Benefits of Real Freedom

Benefits of Real Freedom :-

  • The first benefit of real freedom is that a person is free from the disease of birth and death.
  • And when a person does true devotion according to his scripture, he goes to Satlok (Eternal Place).
  • The person, after getting rid of the people of this "Kaal's lok", goes to his Father, God Kabir.
  • Satlok is a place where a person gets all kinds of amenities.
  • Human body becomes indestructible after going to Satlok.
  • In Satlok one gets all kinds of happiness. One does not have to face any kind of sufferings.
  • The biggest advantage is to get free from the trap of 'Kaal' by attaining real freedom.

Real freedom

Definition of Real Freedom :-

                                       Real freedom means getting rid of a person's birth and death.

- Real freedom is when humans get rid of 84 Lac Yonis.
- Complete salvation means real freedom after which a person is free from birth and death.
Real freedom
Truth 

Freedom

Definition of freedom :-
                                             Freedom refers to the freedom given to each person to lead his life according to his own.

  • Every person has been given 'Fundamental Rights' for this in our country.
    Fundamental rights
    Fundamental Rights

Wednesday, July 15, 2020

विज्ञान ही सबकुछ नहीं !

विज्ञान क्या है?

जैसा कि हम जानते हैं प्रकृति से प्राप्त सुव्यवस्थित ज्ञान को ही विज्ञान कहा जाता है।
आधुनिक युग में विज्ञान को सर्वोत्तम महत्वता दी जाती है। वर्तमान युग को विज्ञान युग भी कह सकते हैं। 
विज्ञान कि सहायता से हमारे देश का ही नहीं बल्कि पूरे विश्व का विकास हुआ हैं।

ज्ञान क्या है?
आध्यात्मिक ज्ञान
आध्यात्मिक ज्ञान
ज्ञान अर्थात् आध्यात्मिक ज्ञान से तात्पर्य है :- पूर्ण परमात्मा को प्राप्त करने के लिए जो ज्ञान हमारे सभी धर्म ग्रन्थों, शास्त्रों के अनुसार हो तथा जो ज्ञान पूर्ण संत / सतगुरु से प्राप्त हो।

जानिए ज्ञान और विज्ञान में अंतर:-
  • विज्ञान एक सीमित संसाधन है, परंतु ज्ञान की कोई सीमा नहीं। जैस विज्ञान का अंत हो सकता है परंतु ज्ञान का अंत कभी नहीं हो सकता।
  • विज्ञान का जहां अंत होता है ज्ञान वहां से शुरु होता हैं। जैसे कैंसर, एड्स जैसी बीमारियां जिनका लास्ट स्टेज पर कोई इलाज नहीं हो पाता परंतु आध्यात्मिक ज्ञान के द्वारा इन लाइलाज बीमारियों का उपचार संभव हो सकता है।
  • जहां एक तरफ लोग मानते हैं कि विज्ञान ही सब कुछ है परंतु अगर विज्ञान ही सब कुछ है तो वह मृत्यु को क्यों नहीं टाल सकती? क्योंकि विज्ञान से आगे आध्यात्मिक ज्ञान हैं, जो मृत्यु को टाल कर मोक्ष की प्राप्ति करवाता है।
  • विज्ञान का जन्म आधुनिक युग में हुआ है परंतु आध्यात्मिक ज्ञान दो सृष्टि रचना से ही चला रहा है।
    आध्यात्मिक ज्ञान
    ज्ञान के लाभ
    मृत्यु का कारण
    मृत्यु का कारण

Wednesday, July 8, 2020

Janmashtami Special

My thoughts on Janmashtami with you :-

Janmashtami as we know is celebrated as the birthday of Shri Krishna ji.  The whole country celebrates Janmashtami as a celebration.

Let's know some important things about Shri Krishna ji-
Real and complete god
Krishna is Not Real and Supreme God 

  • Shri Krishna ji was born from the womb of the mother while the complete divine is indestructible i.e. birth is beyond death.
  • Shri Krishna ji was raised with cow's milk, butter, but when full divine comes to the earth, he is raised by virgin cow's milk.
  • Krishna ji raised the Govardhan mountain so that not all worship Indra and worship the full God.
  • Know that perfect God.
  • Shri Krishna ji is not absolute God because he is born and died.https://youtu.be/d4INgCQuTrM?list=PLApb0agNDuAyiPeWmAvY5DnYKEMeTAwF3

Wednesday, July 1, 2020

कोरोना जैसी महामारी से कैसे बचे?

'कोरोना' वर्तमान में इस महामारी ने पूरे विश्व को अपनी चपेट में ले रखा हैं जिस कारण पूरा विश्व इस महामारी से लड़ रहा हैं। 

महामारी का कारण :-

'कोरोना नामक महामारी फैलने का क्या कारण हैंं?'
कोरोना नामक महामारी जो कि चीन जैसे विकसित देश से शुरू हुई है और इसका मुख्य कारण रहा है - चमगादड़। 
यानी चीन के लोग सभी प्रकार के जीव-जन्तुओं को अपना भोजन बनाकर खाते है और चमगादड़ का सेवन करने से कोरोना नामक वायरस का जन्म हुआ। 

अर्थात् कोरोना जैसी महा भयंकर बीमारी का एक ही कारण हैं - मांसाहार / जीवों की हत्या कर उन्हें अपना भोजन बनाना। 
कोरोना महामारी
कोरोना का कारण
कोरोना महामारी से पूर्ण बचाव संभव :-
जी हां, आज कोरोना जैसी महामारी का कहीं कोई संभव व सफल इलाज नहीं मिल पा रहा। पूरे विश्व में इस महामारी का कोई इलाज नहीं हैं, डॉक्टर फैल, साइंस फैल। 

परन्तु, आज हम आपको इस महामारी से बचने का एकमात्र उपाय आपको बताते हैं।
                                    👇
                               "सत् भक्ति" 
 कोरोना समाधान
 कोरोना समाधान

अर्थात् हमारें शास्त्रों के अनुसार - यदि मनुष्य पूर्ण सतगुरु से उपदेश लेकर सत भक्ति करता है तो उसके सभी पाप कर्म नष्ट हो जाते हैं तथा सभी प्रकार के सुख प्राप्त होते हैं। 

आज मनुष्य जीव हिंसा कर महापाप का भागी बन चुका हैं जिसका केवल सत् भक्ति कर परमात्मा की शरण में जाकर ही इलाज संभव हैं।
                    वर्तमान समय में केवल संत रामपाल जी महाराज ही एकमात्र तत्वदर्शी संत हैं, पूर्ण सतगुरु हैं जो हमें शास्त्रानुकूल सत् भक्ति बताते है तथा सभी प्रकार के सुख प्राप्त करते हैं। अत: सत् भक्ति करें, संत रामपाल जी महाराज से उपदेश लेकर तथा भंयकर से भंयकर महामारी से आसानी से छुटकारा पाए व एक सभ्य समाज का विकास करें शाकाहारी बनकर। 
कोरोना का खात्मा
कोरोना का खात्मा 

कोरोना का खात्मा
कोरोना का खात्मा 



Wednesday, June 24, 2020

आध्यात्मिक गुरू जीवन में महत्व

आध्यामिक गुरू :-

मानुष जन्म दुर्लभ है, मिले न बारम्बार ।
अर्थात् मनुष्य जन्म बहुत ही दुर्लभ हैं, बार बार नहीं मिलता।
हमें मनुष्य जीवन एक महत्वपूर्ण उद्देश्य की प्राप्ति के लिए मिलता हैं।
             सभी को अपने मानव जीवन में आध्यात्मिक गुरू बनाकर उनके द्वारा बताई गई भक्ति विधि से साधना करनी चाहिए। यही मानव जन्म का मूल उद्देश्य हैं।

आध्यात्मिक गुरू वह है जो हमें शास्त्रों के अनुकूल साधना बताता हैं। तथा जिनके पास तत्वज्ञान हो। 
आध्यात्मिक गुरू
आध्यात्मिक गुरू

आध्यात्मिक गुरु की आवश्यकता :-
- आत्मा का परमात्मा से मिलन के लिए।
- हरि(परमात्मा) प्राप्ति के लिए ।
- मनुष्य जन्म प्राप्त करके सफल बनाने के लिए।
- सतगुरू से उपदेश लेकर मोक्ष प्राप्ति के लिए।
- पूर्ण सतगुरू से उपदेश लेकर अपने निज धाम सतलोक जाने के लिए जहां जाने के बाद साधक कभी वापस लोटकर नही आता।
- 84 लाख योनियोंं से छुटकारा पाने के लिए।
- काल के लोक होने वाले कष्टों से मुक्ति व सुख प्राप्ति के लिए।
पूर्ण सतगुरू
पूर्ण सतगुरू

अत: पूर्ण सतगुरु से उपदेश लेकर मनुष्य जीवन को सफल बनाएं तथा जन्म मरण के रोग से मुक्ति पाएं। व अपने निजी लोक सतलोक में जाने के लिए पूर्ण सतगुरु संत रामपाल जी महाराज से उपदेश ले क्योंकि पूरे विश्व में केवल संत रामपाल जी महाराज ही पूर्ण सतगुरु है जो तत्वदर्शी संत है।

Wednesday, June 17, 2020

Janmashtami celebration-Krishna

जन्माष्टमी पर जाने कुछ खास :-

जन्माष्टमी जैसा कि हम जानते हैं जन्माष्टमी श्री कृष्ण जी के जन्म दिवस के रूप में मनाई जाती है। तो आइए जानते हैं श्री कृष्ण जी के जीवन की कुछ महत्वपूर्ण घटनाएं-
  • कृष्ण जी की परवरिश बचपन से ही गाय के दूध व मक्खन से हुई। परंतु कबीर परमेश्वर जी की परवरिश  कुवांरी गाय के दूध से हुई तथा वेदों में प्रमाण है कि पूर्ण परमात्मा जब लीला करने स्वयं आते हैं तो उनकी परवरिश कुंवारी गाय के दूध से होती है।
    Krishna's Janmastami
    Krishna's Janmastami
  • कृष्ण जी जब बांसुरी बजाते थे तो आसपास की गायें व गोपियां इकट्ठा हो जाती थी। और जब पूर्ण परमात्मा कबीर साहेब ने बांसुरी बजाई तो यमुना का पानी स्थिर हो गया तथा पशु पक्षी व देवता भी बांसुरी की आवाज सुनकर धरती पर उतर आए।
    Krishna's Leela
    Krishna's Leela 
  • कृष्ण जी ने गोवर्धन पर्वत उठाया ताकि सब इंद्र की पूजा न करके पूर्ण परमात्मा की पूजा करें। उस पूर्ण परमात्मा को जाने।।
Janmashtami Special
Janmashtami celebration

Friday, June 12, 2020

महात्मा बुद्ध द्वारा की गई गलत साधना का परिणाम

महात्मा बुद्ध की जीवनी 

मुक्ति के मार्ग के बारे में बौद्ध धर्म में विभिन्न मान्यताएं प्रचलित हैं।  दुनिया का 4 वां सबसे बड़ा धर्म होने के नाते यह भगवान बुद्ध की शिक्षाओं के आधार पर कई परंपराओं और प्रथाओं को पूरा करता है।
बौद्ध धर्म में ईश्वर की अवधारणा को गौतम बुद्ध की जीवनी पर अवलोकन करके समझें और विश्लेषण करने का प्रयास करें कि क्या बौद्ध धर्म में पालन की जाने वाली साधनाएँ मोक्ष प्राप्ति में उपयुक्त हैं?
ऐतिहासिक बुद्ध ने देवताओं को संसार के समान चक्र में फंसे हुए प्राणियों के रूप में देखा और मनुष्य के रूप में पीड़ित किया।  बहुत से बौद्ध सूक्तों (सूत्रों) से स्पष्ट है कि बुद्ध ने देवताओं का खंडन नहीं किया।  उसने उन्हें (देवताओं) मानव जाति के लिए बहुत अधिक उपयोग करने के लिए विश्वास नहीं किया।  उन्होंने अनुमान लगाया कि भगवान भी दर्द और प्रवाह की दुनिया में फंस गए थे, जिनमें से एक को ब्रह्मा, निर्माता माना जा सकता था।  भगवान की अवधारणा पर बुद्ध का दृष्टिकोण न तो किसी रचनाकार या रचना की अवधारणा को स्वीकार करने और न ही अस्वीकार करने का था।
महात्मा बुद्ध के आध्यात्मिक गुरु नहीं थे, इसलिए उनका ज्ञान कैसे प्रमाणित किया जा सकता है।
 तत्त्वदर्शी गुरु (ईश्वर-सात्विक संत) के बिना, बुद्ध सहित सभी जीवित प्राणी दुखों के इस अमर संसार में अत्यधिक दुख सहते हैं।

 कोटि जनम तू रजा कीन्हा, मिटि न मन की आशा |
 भिक्षुक होकर दर-दर हाथ, मिल्या न निर्गुण रस ||
मानव जीवन को एक भगवान की शास्त्र-आधारित पूजा करके मोक्ष प्राप्त करने के लिए प्राप्त किया जाता है।  बुद्ध, एक पुण्य आत्मा, ने उद्धार के मार्ग के बारे में गलत विश्वास बनाए रखा।

Wednesday, June 10, 2020

God In Sikhism

God Is In Form :- 

- Bani by Guru Nanak Dev Ji, SGGS Page 567

👉The Great Lord Master is unfathomable and infinite.
👉Your eyes are so beautiful, and your teeth are delightful.
👉Your nose is so graceful, and your hair is so long.
👉Your body is so precious, cast in gold. 
👉His body in cast in gold, and he wears Krishna's mala; meditate on him, O sisters.
👉You shall not have to stand at death's door, O sisters, if you listen to these teachings.
👉From a crane, you shall be transformed into a swan, and the filth of your mind shall be removed. 
👉Your walk is so graceful, and your speech is so sweet. 
👉You coo like a songbird, and your youthful beauty is alluring. 
👉Your youthful beauty is so alluring, it please you, and it fulfils the heart's desire.
👉like an elephant,  you step with your feet so carefully; you are satisfied with yourself.
👉She who is imbued with the love of such a great Lord, flows intoxicated, like the water of Ganges.

Prays Nanak, I am your slave, O Lord; You walk is so graceful and your speech is so sweet. 


(Evidence in Gurugranth Sahib)

Guru Nanak Dev ji has described the form of God in Shri Gurugranth sahib. Guru Nanak dev ji has described the features of that Supreme God after he saw him sitting on a throne in Sachkhand.


Tuesday, June 9, 2020

In The Bible, The Nature of God

God is Not Formless :-

It is written about the origin that God created man according his form. This proves that the Lord also has a human body and complete the creation in six days and sits on the Throne on seventh day.https://youtu.be/6i2-rX5RgrM

God has ordered man to eat vegetarian food - "Holy Bible"


Holy Bible: Genesis
1:29 - Then God said to them, listen, all the small trees with seeds are on the top of the whole Earth and all the trees with the sheeds bearing fruits, i have given them to you; they are for your Food. 

1:30 - And all the animals of the earth, and the Birds of the Sky,  and the creeping on the earth, which have the life of life, I have given them all green little tress to eat; and that is what happened.

Full divine according to Holy Bible Job 36: 5

-God is Kabir (Powerful), but he does not hate people.
-God is Kabir (Powerful) and rational. 

The Bible has also clarifed that the name of Lord is Kabir.

The translator has written powerful and powerful in place of Kabir. In fact, the name of Lord is Kabir.
                                         In Vedas, in Bhagwat Gita, in Shri Gurugranth Sahib and also in Quran Sharif, the name of God is "KABIR"


Sunday, June 7, 2020

अविनाशी परमात्मा 'कबीर परमेश्वर'

अविनाशी परमात्मा कौन है?
                                         गीता ज्ञान दाता 'काल ब्रह्म' हैं जो विनाशी प्रभु हैं अर्थात् काल प्रभु भी जन्म व मृत्यु को प्राप्त होता है। 
- श्रीमदभगवद्गीता में तीन पुरुष की व्याख्या की गई हैं :-
 प्रथम पुरुष - क्षर पुरुष,
 द्वितीय पुरुष - अक्षर पुरुष,
 तृतीय पुरुष - परम अक्षर पुरुष,

क्षर पुरुष तथा अक्षर पुरुष (प्रभु) विनाशी अर्थात् इनकी जन्म - मृत्यु होती हैं। तथा अविनाशी परमात्मा, पूर्ण ब्रह्म, सर्वशक्तिमान परमात्मा, समर्थ प्रभु केवल परम अक्षर पुरुष (प्रभु) हैं जिनकी कभी जन्म - मृत्यु नहीं होती। 
       काल ब्रह्म भी अविनाशी परमात्मा से ही उत्पन्न हुआ हैं। 

अविनाशी परमात्मा कबीर परमेश्वर है जो हर युग में अपनी लीला अनुसार धरती पर अवतरित होते हैं तथा अपनी लीला अनुसार कमल के पुष्प पर प्रकट होते हैं।
कबीर परमेश्वर ही पूर्ण परमात्मा हैं जो जन्म मरण से परे हैं।

Tuesday, June 2, 2020

True Spiritual Knowledge

       "TRUE SPIRITUAL KNOWLEDGE
 Lord Kabir conveyed the authentic and true knowledge, that Brahma, Vishnu and Shiva are also stuck in the the vicious cycle of life and death.
Durga is their mother and Kaal is their father.

'Kabir, maa ashtangi pita niranjan, ye
jamm darunn vanshann anjann.
Teen putra ashtangi jae, Brahma, Vishnu shiv naam dharaae.'            
 
    "Unique and true spiritual knowledge"
Lord Kabir was the One, Who made us understand by giving numerous proofs, that Kaal (Jyoti Niranjan) was the giver of holy Gita's knowledge and not Shri Krishna..

Monday, June 1, 2020

LORD KABIR TOOK MIRA BAI IN HIS REFUGE

LORD KABIR TOOK MIRA BAI IN HIS REFUGE. 
              Mira bai used to worship Shri Krishna previously. One day, she listened to The Spiritual discourse of Lord Kabir and Saint Ravidas ji and got to know, that Shri Krishna is Mortal. The Almighty and indestructible god is someone else.
She made Ravidas ji her Guru. Then, in the end, she made Lord Kabir Her Guru, only then was the seed of true worship, sown in Mira Bai.
 "Garib, Mera bai padd mili, Satguru peer Kabir.
Deh chhataan lyoleen hai, paaya nahi shareer.

Sunday, May 31, 2020

कबीरन्

‘‘शिशु कबीर परमेश्वर का नामांकन"

 जब कबीर साहेब का नाम रखने के लिए कुरान शरीफ पुस्तक को काज़ी ने खोला। प्रथम नाम ‘‘कबीरन्’’ लिखा था। काजियों ने सोचा इस छोटे जाति वाले का कबीर नाम रखना शोभा नहीं देगा। पुनः कुरान शरीफ खोली तो उसमें सर्व अक्षर कबीर-कबीर-कबीर-कबीर हो गए। कबीर परमेश्वर शिशु रूप में बोले मैं कबीर अल्लाह अर्थात् अल्लाहु अकबर, हूँ। मेरा नाम ‘‘कबीर’’ ही रखो।
"सकल कुरान कबीर है, हरफ लिखे जो लेख।
 काशी के काजी कहै, गई दीन की टेक।।"

Saturday, May 30, 2020

बावन कसनी

'शेखतकी ने जुल्म गुजारे, बावन करी बदमाशी' 

शेखतकी ने ईर्ष्या वश कबीर साहेब को मारने के लिए 52 प्रकार से हत्या करने का षडयंत्र रचा, जिसे बावन कसनी कहते हैं।
वह हर बार असफल रहा क्योंकि अविनाशी का नाश करने में कोई सक्षम नहीं। यदि आम संत होते तो मारे जाते।
कबीर साहेब पूर्ण ब्रह्म है। सर्वशक्तिमान है ।उनका एक तत्व का नूरी अमर शरीर है।

कबीर साहिब के मगहर लीला

मगहर में भाईचारे की मिसाल!
 हिन्दू व मुसलमानों के बीच धार्मिक सामंजस्य और भाईचारे की जो विरासत कबीर परमात्मा छोड़कर गए हैं उसे मगहर में आज भी जीवंत रूप में देखा जा सकता है।
 मगहर में जहाँ कबीर परमेश्वर जी सशरीर सतलोक गए थे, वहां हिंदू-मुसलमानों के मंदिर और मजार 100-100 फुट की दूरी पर बने हुए हैं।
 "कबीर, विहंसी कहयो तब तीनसै, मजार करो संभार।
 हिन्दू तुरक नहीं हो, ऐसा वचन हमार।"

Friday, May 29, 2020

Kabir Saheb Manifesh Day

5 June, Kabir Saheb Manifesh Day
According to our Leela, the divine year 
 1398, Samvat 1455, Jesti Shuddhi Purnamasi, which we are celebrating on this auspicious day, on this day, God came here from Satlok.                        
 Taking the form of an infant, the holy earth of India, the Lahartara pond of the holy city of Kashi, which was about 4 kilometers from the city (still exists today), was enthroned as a child by coming on a lotus flower developed in it.
This day is celebrated as Kabir manifest day.

Wednesday, May 20, 2020

आधुनिक शिक्षा पद्धति /खराब शिक्षा पद्धति

वर्तमान में आधुनिक शिक्षा के प्रचलन के कारण हमारे सामाजिक मूल्यों का तेजी से ह्रास हो रहा है।
वर्तमान युग में पढ़ाने तौर-पाठ्यक्रमों में उपयोग में ली जा रही सामग्री का कोई तालमेल नहीं है जिससे समाज का अपेक्षित बदलाव नहीं हो पा रहा है।
                                                    वर्तमान समय में प्रतियोगिता में आगे रहने के आग्रह से माता-पिता इतने अंधे हो गए हैं कि उन्हें एहसास ही नहीं होता है कि वह बच्चे को गलत दिशा में धकेल रहे हैं।
                                                एक ऐसी उम्र में जब बच्चे को आध्यात्मिक रुचि में बढ़ावा देना चाहिए उसे निर्धारित पाठ्यक्रम का पालन करने के लिए दबाव डाला जाता है। यह हमारे सामाजिक मूल्यों के पतन का मुख्य कारण है।
हमारे देश में खराब शिक्षा पद्धति को सुधारने के अनेक कदम उठाए गए परंतु अब तक उसमें कोई सफलता नहीं मिली।
प्राचीन का में हमारे देश में धार्मिक शिक्षा को महत्वता दी जाती थी तथा मनुष्य को अपने धर्म ग्रंथों, शास्त्रों, वेदों का ज्ञान दिया जाता था। तथा सभ्य बनाया जाता था जो शिक्षा पद्धति आज हमारे देश पूर्णतः लुप्त हो चुकी है।
शिक्षा पद्धति ऐसी होनी चाहिए जिसमें मनुष्य को चरित्रवान, सभ्य तथा नैतिक मूल्य की समझ, हमारे सभी धर्म ग्रंथों का ज्ञान आदि की जानकारी हो। मनुष्य को अपनी सभ्यता, संस्कृति, जीवन के मूल्यों को पहचानने के लिए अच्छी शिक्षा पद्धति का होना आवश्यक है। एक तरफ मनुष्य इन सभी चीजों से दूर होता नजर आ रहा है परंतु दूसरी तरफ 
                     मनुष्य में सभी प्रकार के अच्छे व्यवहार, चरित्रवान, अपनी संस्कृति, अपनी सभ्यता, अपने नैतिक मूल्यों का ज्ञान हो रहा है तथा उनकी शिक्षा संपूर्ण धर्म-ग्रंथों के आधार पर दी जा रही हैं। और ऐसा केवल संत रामपाल जी महाराज के सानिध्य में ही संभव होता नजर आया हैं। उनके द्वारा दी गई शिक्षा पद्धति में मनुष्य में सभी अच्छे गुणों का विकास हो रहा है जो वर्तमान में असंभव था। 

How can get Real freedom?

How can You get Real Freedom? Answer :- Real freedom can only be achieved in the following manner : Real freedom means getting rid ...